भारत में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय हो गया है और भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 22 जुलाई के लिए देश के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार उत्तर, दक्षिण, पूर्व, पश्चिम और मध्य भारत के अनेक हिस्सों में तेज बारिश के साथ गरज-चमक, बिजली गिरने तथा तेज हवाएं चलने की संभावना है। इसके अलावा पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन (Landslide) और अचानक बाढ़ (Flash Flood) का खतरा भी बना हुआ है।
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे मौसम संबंधी आधिकारिक अपडेट पर लगातार नजर रखें और अनावश्यक यात्रा करने से बचें। खासतौर पर पहाड़ी और जलभराव वाले इलाकों में अतिरिक्त सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
दिल्ली-एनसीआर में भारी बारिश की संभावना
दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ में 22 जुलाई को व्यापक वर्षा होने की संभावना जताई गई है। IMD के अनुसार कई स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है, जबकि कुछ इलाकों में बहुत भारी बारिश दर्ज होने की भी संभावना है। लगातार बारिश के कारण राजधानी में जलभराव, ट्रैफिक जाम और दैनिक जीवन प्रभावित होने की आशंका है।
उत्तराखंड में भूस्खलन का बढ़ा खतरा
उत्तराखंड में मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा। मौसम विभाग ने राज्य के अधिकांश हिस्सों में भारी बारिश का पूर्वानुमान जारी किया है। इसके साथ ही गरज-चमक और बिजली गिरने की भी संभावना है। पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन और अचानक बाढ़ का जोखिम बढ़ सकता है, इसलिए स्थानीय प्रशासन और यात्रियों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
हिमाचल प्रदेश में जारी रहेगा भारी बारिश का दौर
हिमाचल प्रदेश में भी भारी मानसूनी गतिविधियां जारी रहने की संभावना है। कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। लगातार वर्षा के कारण पहाड़ी सड़कों पर भूस्खलन, सड़क बंद होने और यातायात बाधित होने का खतरा बना रहेगा। पर्यटकों और स्थानीय लोगों को मौसम विभाग की सलाह का पालन करने को कहा गया है।
जम्मू-कश्मीर में भी मौसम रहेगा खराब
जम्मू-कश्मीर के कुछ हिस्सों में बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इसके अलावा 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जो झोंकों के साथ 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं। गरज-चमक और बिजली गिरने की घटनाएं भी देखने को मिल सकती हैं।
उत्तर प्रदेश में तेज होगी बारिश
उत्तर प्रदेश में बारिश की गतिविधियां और अधिक तेज होने का अनुमान है।
- पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश के साथ कुछ स्थानों पर बहुत भारी वर्षा की संभावना है।
- पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
कई जिलों में जलभराव और निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बनने की आशंका व्यक्त की गई है।
पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ के लिए चेतावनी
पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में भारी बारिश की संभावना है। विशेष रूप से हरियाणा और चंडीगढ़ के कुछ इलाकों में बहुत भारी बारिश हो सकती है। प्रशासन को सतर्क रहने और आवश्यक तैयारियां रखने के निर्देश दिए गए हैं।
राजस्थान में भी सक्रिय रहेगा मानसून
राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहेगा।
- पश्चिमी राजस्थान में भारी बारिश की संभावना है।
- पूर्वी राजस्थान में व्यापक वर्षा के साथ अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।
मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में भारी वर्षा
मध्य भारत में मानसून काफी सक्रिय रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार:
- पूर्वी मध्य प्रदेश
- पश्चिमी मध्य प्रदेश
- विदर्भ
- छत्तीसगढ़
इन सभी क्षेत्रों में भारी बारिश की संभावना है, जबकि मध्य प्रदेश के कुछ इलाकों में बहुत भारी वर्षा हो सकती है।
बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में अलर्ट
पूर्वी भारत के कई राज्यों में भी व्यापक बारिश का अनुमान लगाया गया है। बिहार, झारखंड, ओडिशा, गंगा के मैदानी पश्चिम बंगाल और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल एवं सिक्किम में भारी बारिश की संभावना है। कई क्षेत्रों में तेज बिजली गिरने और गरज-चमक की चेतावनी भी जारी की गई है।
गुजरात और महाराष्ट्र में भारी से बहुत भारी बारिश
पश्चिम भारत में भी मानसून का प्रभाव लगातार बना रहेगा।
- गुजरात क्षेत्र में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है।
- मध्य महाराष्ट्र में भी 22 जुलाई को भारी से बहुत भारी वर्षा हो सकती है।
- कोंकण और गोवा में बारिश जारी रहेगी, हालांकि सबसे अधिक बारिश सप्ताह के आगे के दिनों में होने की संभावना है।
पूर्वोत्तर भारत में लगातार बारिश
असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भारी बारिश का दौर जारी रहेगा। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले कई दिनों तक इन राज्यों में वर्षा की गतिविधियां बनी रहेंगी।
दक्षिण भारत में भी बारिश का असर
दक्षिण भारत के कई राज्यों में भी बारिश का पूर्वानुमान जारी किया गया है।
- केरल और माहे में भारी बारिश।
- तटीय कर्नाटक में भारी वर्षा।
- तेलंगाना, तटीय आंध्र प्रदेश, रायलसीमा, तमिलनाडु, पुडुचेरी और उत्तर आंतरिक कर्नाटक में बारिश की संभावना।
- तमिलनाडु, रायलसीमा और कर्नाटक के कुछ हिस्सों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जिनकी गति 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
IMD की महत्वपूर्ण सलाह
भारतीय मौसम विभाग ने भारी बारिश वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। लगातार बारिश के कारण अचानक बाढ़, भूस्खलन, शहरी क्षेत्रों में जलभराव, सड़क परिवहन में बाधा और दृश्यता कम होने जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।
लोगों से अपील की गई है कि वे स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें, अनावश्यक यात्रा से बचें तथा नदी, नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों के आसपास जाने से परहेज करें। यदि अत्यंत आवश्यक न हो तो खराब मौसम के दौरान लंबी दूरी की यात्रा टालना ही सुरक्षित रहेगा। मानसून के इस सक्रिय दौर को देखते हुए आने वाले दिनों में भी कई राज्यों में बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना बनी हुई है।


